वाशिंगटन से रवाना होने के बाद ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लिखा, “मैं असाधारण प्रतिभा के धनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग से चीन के द्वार खोलने का आग्रह करूंगा ताकि ये प्रतिभाशाली लोग अपना जादू चला सकें और पीपुल्स रिपब्लिक को और भी ऊंचाइयों पर ले जा सकें! लगभग एक दशक में चीन की यह पहली यात्रा है, जिसमें एप्पल के टिम कुक समेत कई अन्य शीर्ष सीईओ भी बीजिंग में मौजूद रहेंगे। लेकिन व्यापार बढ़ाने की ट्रंप की महत्वाकांक्षाओं को ताइवान और मध्य पूर्व में चल रहे युद्ध को लेकर राजनीतिक तनाव का सामना करना पड़ेगा, जिसके कारण मार्च में होने वाली यह यात्रा पहले ही स्थगित हो चुकी है।एपी की रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप ईरान युद्ध, व्यापार और ताइवान को अमेरिकी हथियारों की बिक्री पर चीन के शी जिनपिंग से बातचीत करने के लिए बीजिंग पहुंचे। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बीजिंग रवाना होने से पहले कहा कि वह शी जिनपिंग से अमेरिकी कंपनियों के लिए चीन के द्वार खोलने का आग्रह करेंगे। बीजिंग में होने वाले इस महत्वपूर्ण शिखर सम्मेलन में ईरान युद्ध का मुद्दा भी उठेगा। चीन में होने वाले शिखर सम्मेलन में एनवीडिया के प्रमुख जेन्सेन हुआंग और टेस्ला के एलोन मस्क भी राष्ट्रपति के विमान से चीन गए हैं।व्हाइट हाउस से निकलते समय ट्रंप ने कहा कि उन्हें शी जिनपिंग के साथ ईरान के बारे में “लंबी बातचीत” की उम्मीद है, जो अमेरिका द्वारा प्रतिबंधित अपने अधिकांश तेल की बिक्री चीन को करता है। लेकिन ट्रंप ने कहा कि “मुझे नहीं लगता कि हमें ईरान के मामले में चीन से किसी मदद की ज़रूरत है और शी जिनपिंग का इस विषय पर रुख काफी अच्छा रहा है।


