इस योजना के तहत महिलाओं को हर महीने 2500 दिए जाएंगे। इस योजना का लाभ लेने के लिए ये जरूरी है कि महिला 10 साल से दिल्ली में रह रही हो और उसका कोई आपराधिक रिकॉर्ड न हो। परिवार की सबसे बड़ी महिला को ही इस योजना का लाभ मिलेगा। हर परिवार से सिर्फ एक महिला ही इस योजना का लाभ लेने की हकदार होगी।दिल्ली सरकार ने महिला समृद्धि योजना का नाम बदलकर दिल्ली लक्ष्मी योजना कर दिया है। सरकार ने स्कीम का नाम बदलने को मंजूरी दे दी है।सूत्र के अनुसार सरकार ने इस योजना के लिए एक पंजीकरण पोर्टल भी तैयार किया है और महिलाओं की सुरक्षा बढ़ाने के मकसद से एक मोबाइल ऐप शुरू करने की योजना बना रही है। यह योजना 2025 के दिल्ली विधानसभा चुनाव के दौरान भाजपा के मुख्य वादों में से एक थी। उम्मीद है कि इससे राजधानी में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग की लगभग 17 लाख महिलाओं को फायदा होगा। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाला महिला एवं बाल विकास विभाग इस योजना को लागू करेगा। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मार्च में 2026-27 के लिए वार्षिक बजट पेश करते हुए इस योजना के लिए 5,100 करोड़ रुपये आवंटित किए थे। गुप्ता ने बार-बार आश्वासन दिया था कि वह इस योजना को एक पुख्ता योजना के साथ शुरू करेंगी ताकि योजना का अधिकतम लाभ उठाया जा सके।


