रहमान के ‘जय हो’ के भावपूर्ण गायन को दर्शकों से भरपूर सराहना मिली, और यह प्रस्तुति भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच सांस्कृतिक सेतु का प्रतीक बन गई। संगीतकार ने ‘दिल से’, ‘मुकाबला’ और ‘फना’ जैसे अपने पॉपुलर गानों का एक मेडले भी प्रस्तुत किया। यह समारोह रुबियो की चल रही भारत यात्रा का हिस्सा था, जिसमें उच्च स्तरीय राजनयिक बैठकें और भारतीय नेतृत्व के साथ मुलाकातें शामिल हैं। इस कार्यक्रम में बोलते हुए अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने कहा, ‘अमेरिका फर्स्ट का मतलब अमेरिका अकेला नहीं है। और हर हफ्ते, हम ऐसे अवसर तलाशते हैं जो हमारे दोनों देशों के लिए लाभकारी हों। मुझे विशेष रूप से गर्व है कि इस वसंत में हमारे दूतावास ने रिकॉर्ड तोड़ प्रतिनिधिमंडल भेजा, जो आने वाले हफ्तों और महीनों में भी जारी रहेगा, क्योंकि हम भारत में अपना काम जारी रखेंगे।ऑस्कर विजेता संगीतकार और संगीत के उस्ताद एआर रहमान ने नई दिल्ली में आयोजित 250वें अमेरिकी स्वतंत्रता दिवस समारोह में शानदार प्रस्तुति दी। यहां एआर रहमान का गाना ‘जय हो’ शाम का मुख्य आकर्षण बनकर उभरा। अमेरिका को 4 जुलाई, 1776 को ब्रिटेन से स्वतंत्रता प्राप्त हुई थी। भारत में अमेरिकी दूतावास द्वारा आयोजित इस भव्य कार्यक्रम में वरिष्ठ राजनयिक, राजनीतिक नेता, व्यापार प्रतिनिधि और सांस्कृतिक हस्तियां भारत-अमेरिका की बढ़ती साझेदारी को प्रदर्शित करने के लिए एक साथ आए। उपस्थित प्रमुख गणमान्य व्यक्तियों में विदेश मंत्री एस जयशंकर, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो और अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर शामिल थे।


