मुंबई :आदित्य ठाकरे ने लिखा कि बिना सरकार गठन का दावा किए कोई पार्टी शपथ ग्रहण की डेट का ऐलान कैसे कर सकती है। उन्होंने कहा कि अगर यह स्थिति विपक्षी दलों के साथ होती तो अब तब राष्ट्रपति शासन लागू हो चुका होता। ऐसा लगता है कि नियम-कानून विपक्षी दलों पर ही लागू होते हैं।उन्होंने एक्स पर किए ट्वीट में कहा कि रिजल्ट आने के बाद लंबे समय तक सरकार नहीं बनाना महाराष्ट्र का अपमान है। उन्होंने 5 नवंबर की शपथ घोषित करने पर भी आपत्ति जताई।महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव परिणाम 23 नवंबर को आया, तब से ही नई सरकार बनाने के लिए महायुति में रस्साकशी चल रही है। मुंबई से दिल्ली तक बैठकों का दौर जारी है, मगर सीएम कौन होगा?, यह तय नहीं हो पाया है। विपक्षी दलों ने इस हालात पर चुटकी ली है।


