वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने बताया कि थाना नई मंडी में आयोजित समाधान दिवस के दौरान 20 से 25 लोगों ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनसे निवेश के नाम पर बड़ी रकम ठगी गई है। जांच में हरेंद्र मलिया, दीपक चौधरी और प्रवीण कुमार का नाम सामने आया। तीनों ने मिलकर ग्लोबल टेक रियल एस्टेट और GT-FX ट्रेडिंग नाम से फर्जी कंपनियां बनाई थीं और खुद को उनका संचालक बताकर लोगों को निवेश के लिए प्रेरित करते थे।आरोपियों ने निवेशकों को एक लाख रुपये निवेश करने पर हर महीने सात हजार रुपये (करीब 10 प्रतिशत) रिटर्न देने का लालच दिया। इस झांसे में आकर 50 से 60 लोगों ने करोड़ों रुपये निवेश कर दिए। पुलिस के अनुसार कुछ सरकारी कर्मचारियों ने भी इन कंपनियों में पैसा लगाया था।मुजफ्फरनगर पुलिस ने फर्जी रियल एस्टेट कंपनियों के जरिए निवेशकों से करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले तीन शिक्षित युवकों को गिरफ्तार किया है। आरोपी यूट्यूब से ठगी के तरीके सीखकर लोगों को मोटे मुनाफे का झांसा देते थे। पुलिस के अनुसार तीनों आरोपी पैसा लेकर फरार होने की तैयारी में थे, लेकिन शिकायत मिलने के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने ज्यादा पैसा कमाने की लालच में यूट्यूब देखकर इस तरह की धोखाधड़ी का तरीका सीखा। ठगी से जुटाई गई रकम का कुछ हिस्सा शेयर बाजार समेत अन्य माध्यमों में लगाया गया, जबकि उनके पास किसी प्रकार का वैध पंजीकरण नहीं था। पुलिस ने तीनों आरोपियों के कब्जे से तीन मोबाइल फोन और फर्जी कंपनियों से संबंधित दस्तावेज बरामद किए हैं।


