मुंबई (दानिश खान)क्षेत्रीय सिनेमा के बड़े पैमाने पर विस्तार की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए, शेमारू एंटरटेनमेंट ने निर्माता शिहान शौकत के साथ साझेदारी की है, जिसके तहत मलयालम फिल्म ‘चाथा पाचा – द रिंग ऑफ राउडीज़’ को भारत और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में वितरित और प्रस्तुत किया जाएगा। 22 जनवरी 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज़ होने वाली यह फिल्म दर्शकों को एक ज़ोरदार, रोमांचक और भावनात्मक अनुभव देने का वादा करती है, जैसा मलयालम सिनेमा में पहले कभी नहीं देखा गया। यह महत्वाकांक्षी फिल्म इंडस्ट्री की पहली WWE-स्टाइल स्पोर्ट्स एंटरटेनमेंट स्पेक्टेकल है।
शेमारू एंटरटेनमेंट के हेड – इंटरनेशनल बिज़नेस एंड इंडिया, डिजिटल सिंडिकेशन, निशित वर्शनेया ने इस सहयोग पर कहा,
“‘चाथा पाचा – द रिंग ऑफ राउडीज़’ में एक अनोखा ‘वॉव फैक्टर’ है और हम 2026 की इस बहुप्रतीक्षित फिल्म को भारत और वैश्विक दर्शकों तक पहुँचाने के लिए बेहद उत्साहित हैं। यह अपने कॉन्सेप्ट में निडर है, बेझिझक मास एंटरटेनर है, और साथ ही भावनाओं में गहराई से रची-बसी है। एक साहसी पैन-इंडियन संवेदनशीलता के साथ यह फिल्म भाषाई सीमाओं से परे दर्शकों को आकर्षित करेगी। शेमारू एंटरटेनमेंट में हम हमेशा ऐसी कहानियाँ साझा करने को लेकर उत्साहित रहते हैं जिनकी अपील सार्वभौमिक हो और जो दर्शकों को केंद्र में रखते हुए सिनेमाई सीमाओं को आगे बढ़ाएँ।”
फिल्म के निर्माता शिहान शौकत ने कहा,
“‘चाथा पाचा – द रिंग ऑफ राउडीज़’ जुनून और महत्वाकांक्षा से जन्मी फिल्म है। हम कुछ ऐसा बनाना चाहते थे जो मलयालम सिनेमा ने पहले कभी न देखा हो—एक ऐसा स्पोर्ट्स-एंटरटेनमेंट स्पेक्टेकल जो कहानी कहने से समझौता न करे। शेमारू एंटरटेनमेंट के साथ साझेदारी से फिल्म को वह पहुँच और समर्थन मिलता है जिसकी यह हकदार है। वे स्केल को समझते हैं, दर्शकों को समझते हैं और सबसे अहम बात, वे इस कहानी की अनूठी पहचान पर विश्वास करते हैं। यह सहयोग हमें ‘चाथा पाचा’ को अलग-अलग बाजारों और संस्कृतियों के दर्शकों तक ले जाने का आत्मविश्वास देता है।”
फिल्म का निर्देशन अध्वैत नायर ने किया है, जो दिग्गज अभिनेता मोहनलाल के भतीजे हैं और जीतू जोसेफ तथा राजीव रवि जैसे सिनेमा आइकॉन्स के शिष्य रह चुके हैं।
निर्देशक अध्वैत नायर ने कहा,
“मैं मलयालम सिनेमा के जादू के बीच पला-बढ़ा हूँ। लेकिन ‘चाथा पाचा – द रिंग ऑफ राउडीज़’ के साथ मैं सीमाओं को आगे बढ़ाना चाहता था। यह फिल्म कुछ पूर्व अपराधियों के समूह की कहानी है, जो मिलकर एक अंडरग्राउंड रेसलिंग क्लब बनाते हैं। इसमें WWE-स्टाइल का रोमांच है, साथ ही भाईचारे और दूसरे मौके की गहरी मानवीय कहानियाँ भी हैं। यह उन लोगों की कहानी है जिन्हें समाज ने नज़रअंदाज़ कर दिया, और जो अपनी गरिमा व पहचान को फिर से हासिल करते हैं। रेसलिंग रिंग एक प्रतीकात्मक युद्धभूमि बन जाती है, जहाँ जीवन को परिभाषित करने वाली ताकतें—संघर्ष, गर्व, पीड़ा और मुक्ति की उम्मीद—एक साथ टकराती हैं। यह फिल्म उन सभी के लिए है जो ऐसा सिनेमा पसंद करते हैं जो उतना ही भावनात्मक हो जितना कि रोमांचक।”
फिल्म की राष्ट्रीय अपील को और मज़बूत करते हुए, संगीत दिया है शंकर-एहसान-लॉय ने, जो इस दिग्गज तिकड़ी का पहला-ever मलयालम प्रोजेक्ट है—एक ऐसा मील का पत्थर जो फिल्म की क्रॉस-मार्केट अपील को और ऊँचाई देता है। फिल्म में एक दमदार एन्सेम्बल कास्ट है, जिसमें ममूटी एक विशेष भूमिका में नज़र आएंगे। उनके साथ विशाख नायर, अर्जुन अशोकन, ईशान शौकत, रोशन मैथ्यू और कारमेन मैथ्यू जैसे कलाकार शामिल हैं, जो फिल्म के ऊर्जावान और भावनात्मक ढांचे के लिए एक परफेक्ट मिश्रण पेश करते हैं।
फोर्ट कोच्चि की जीवंत पृष्ठभूमि में सेट यह फिल्म तीव्र प्रतिद्वंद्विताओं, सार्वजनिक ध्यान और क़ानून से टकराव के बीच किरदारों की यात्रा को दर्शाती है, जहाँ उनका अस्तित्व की लड़ाई धीरे-धीरे पहचान, वफ़ादारी और मुक्ति की गहरी खोज में बदल जाती है।
‘चाथा पाचा – द रिंग ऑफ राउडीज़’ भारतीय मुख्यधारा सिनेमा में एक साहसिक नए अध्याय की शुरुआत करता है।


