Warning: Trying to access array offset on value of type int in /home/u611343930/domains/hindsamarthan.com/public_html/wp-content/themes/newsair/css/dynamic-css.php on line 57

Warning: Trying to access array offset on value of type int in /home/u611343930/domains/hindsamarthan.com/public_html/wp-content/themes/newsair/css/dynamic-css.php on line 58

Warning: Trying to access array offset on value of type int in /home/u611343930/domains/hindsamarthan.com/public_html/wp-content/themes/newsair/css/dynamic-css.php on line 81

Warning: Trying to access array offset on value of type int in /home/u611343930/domains/hindsamarthan.com/public_html/wp-content/themes/newsair/css/dynamic-css.php on line 82
मुंबई कभी ठंडा शहर नहीं था, लेकिन पहले यहां हवा में एक हल्की ठंडक ज़रूर महसूस होती थी:रिंकू घोष -
Breaking
Tue. Aug 18th, 2026

मुंबई कभी ठंडा शहर नहीं था, लेकिन पहले यहां हवा में एक हल्की ठंडक ज़रूर महसूस होती थी:रिंकू घोष

रिंकू घोष: अब मौसम वही सुकूनभरी फीलिंग नहीं देता

मुंबई अब उतनी ठंडी नहीं रही, जितनी पहले हुआ करती थी, ऐसा मानना है अभिनेत्री रिंकू घोष का। वह कहती हैं कि मुंबई कभी ठंडा शहर नहीं था, लेकिन पहले यहां हवा में एक हल्की ठंडक ज़रूर महसूस होती थी।”पहले मुंबई में हल्की सर्दियां होती थीं, लेकिन अब ऐसा लगता है जैसे यह सिर्फ गर्मी का थोड़ा ठंडा रूप है। वो सर्दियां जिनमें ठंडी सुबह की हवा होती थी और घर पर खुद को एक हल्के शॉल में लपेटना पड़ता था, अब लगभग गायब हो गई हैं। यह दुखद है कि अब मौसम वही सुकूनभरी और आरामदायक फीलिंग नहीं देता। सर्दियों का अपना एक आकर्षण था, जो जीवन में ताज़गी लाता था, लेकिन अब यह बस गर्मी से थोड़ी राहत जैसा लगता है,” वह कहती हैं।

इस साल मुंबई ने पिछले 16 सालों की सबसे गर्म सर्दी का अनुभव किया, जिसमें तापमान 37.3°C तक पहुंच गया। इस पर बात करते हुए वह कहती हैं, “मुझे लगता है कि यह वह कीमत है, जो इंसानों को विकास और शहरीकरण के लिए चुकानी पड़ रही है। बढ़ते तापमान यह दिखाते हैं कि हमने पर्यावरण को कितना नुकसान पहुंचाया है। प्रदूषण, वनों की कटाई और ग्लोबल वॉर्मिंग इसके मुख्य कारण हैं। यह हम सभी के लिए एक चेतावनी है कि अगर हमने जिम्मेदारी से काम नहीं किया, तो हर मौसम की खूबसूरती खो जाएगी।”

जब उनसे पूछा गया कि उन्हें सर्दियों की क्या चीज़ सबसे ज़्यादा याद आती है, तो उन्होंने कहा, “मुझे सर्दी की धूप बहुत याद आती है—वो हल्की गर्मी वाली धूप जिसमें अदरक वाली चाय का स्वाद लिया जाए। वो पल इतने शांत और सुकूनभरे लगते थे, जैसे रोज़मर्रा की भागदौड़ से एक विराम मिल गया हो। सर्दियों की अपनी एक रफ्तार थी, जो चीज़ों को धीमा कर देती थी और हमें छोटे-छोटे सुख देती थी, जो अब कहीं खो गए हैं।”

जहां तक कपड़ों की बात है, वह कहती हैं कि मुंबई की सर्दियों के लिए लेयरिंग ही सही तरीका है। “मुंबई की सर्दियों के लिए सिर्फ जींस और एक मोटी फुल-स्लीव टी-शर्ट या जैकेट काफी है। यह आसान, आरामदायक है और शहर के मौसम के लिए एकदम सही है। यहां ज्यादा लेयरिंग की ज़रूरत नहीं होती, लेकिन इतना छोटा बदलाव भी आपको सर्दियों का एहसास दिलाने के लिए काफी है,” वह कहती हैं।

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *